🚆कामायनी एक्सप्रेस में लगे गांजा चिलम दम पर दम
दिनांक: 12 फरवरी 2026
रिपोर्टर: विशेष संवाददाता
भोपाल – वैसे तो ट्रेन में नशा करना प्रतिबंधित है और रेलवे द्वारा सूचना के तौर पर सिम्बोल भी लगाए जाते है लेकिन जिसे नशा करना है उन्हें इस चीजों से कोई फर्क नहीं पड़ता आपने सुना होगा कि ट्रेन में लोग सिगरेट शराब तक पीते है लेकिन अब ट्रेन में लोग गाजे का का मजा भी चिलम के साथ ले रहे है ऐसा ही एक घटना क्रम आजाद भारत के रिपोर्टर ने अपने मोबाइल में शूट कर लिए विकलांग डिब्बे में कुछ लोग पहले तो गांजा निकालते है फिर उसे चिलम में भरते है और फिर लगता है दम पर दम ।
आपको बता दे कामायनी एक्सप्रेस जो को बलिया से चलकर लोकमान्य तिलक टर्मिनल तक जाती है भोपाल स्टेशन के पास कुछ यात्री चिलम में गांजा भरकर पीते हुए दिखाई दिए जिसका पूरा वीडियो आजाद भारत न्यूज के रिपोर्टर ने अपने मोबाइल में कैद कर दिया अब सवाल यह उठता है कि इस यात्रियों को रेलवे के नियम या आरपीएफ का कोई डर नहीं जो खुलेआम ट्रेन के अंदर नशा खोती कर रहे है सबसे बड़ी बात तो यह है कि इस बोगी में नशा खोरी की जा रही थी वह विकलांग डब्बा था और जो लोग गांजा पी रहे थे उनमें से एक भी व्यक्ति विकलांग नहीं था क्या रेलवे पुलिस विकलांग डब्बे की जांच नहीं करती और अगर करती है तो ऐसे लोग विकलांग बोगी में कैसे बैठे रहते है यह एक बड़ा सवाल है और आरपीएफ की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगाता है
कामायनी एक्सप्रेस ट्रेन के एक कोच में कुछ यात्री नशा करते हुए दिखाई दे रहे हैं। यह वीडियो यात्री बने पत्रकार के द्वारा बनाया गया ।
वीडियो में कुछ लोग विकलांग ट्वेलेट के पास बैठकर धूम्रपान करते नजर आ रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि वे गांजा का सेवन कर रहे थे।
ट्रेन में धूम्रपान और किसी भी प्रकार का नशा करना रेलवे नियमों के तहत प्रतिबंधित है। ऐसा करने पर संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ जुर्माना या कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
यात्रियों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं अन्य यात्रियों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा और सुविधा के लिए खतरा बन सकती हैं।