News Aazad Bharat

हूटर और फैंसी नंबर प्लेट पर रोक, हटाने के लिए MP हाईकोर्ट ने दी 7 दिन की मोहलत

इंदौर  निजी वाहनों पर लगे हूटर और गलत तरीके से लगी नंबर प्लेट सात दिनों में हटवाएं। हाईकोर्ट(MP High Court) की इंदौर खंडपीठ ने इंदौर पुलिस को ये अंतरिम आदेश जारी किया है। जस्टिस विवेक रुसिया और जस्टिस बिनोद कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान राज्य सरकार, डीजीपी, इंदौर पुलिस कमिश्नर, डिप्टी पुलिस कमिश्नर (ट्रैफिक) समेत आरटीओ को नोटिस जारी कर चार सप्ताह में जवाब मांगा है। पत्रिका ने उठाया मुद्दा, अब रंग लाया पत्रिका ने प्रदेशभर में हूटर का रौब दिखाने वाले नेता, जनप्रतिनिधि और दबंगों का रसूख उजागर किया था। इस पर पुलिस हरकत में भी आई। कई जगहों पर कार्रवाई हुई। अब हाईकोर्ट ने सख्त आदेश दिए। सीएम हेल्पलाइन पर नहीं की कार्रवाई हूटर को लेकर छह माह पहले एक अन्य वकील उज्ज्वल फणसे ने भी मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर शिकायत की थी। गलत तरीके से गाड़ियाें पर लगे हूटर हटवाने की मांग की। छह माह में शिकायत टॉप लेवल पर पहुंची पर हर बार अफसर कार्रवाई करने की बात कह शिकायत खत्म करवाने के लिए कहते रहे। अदालत में कई गाड़ियों के फोटो भी पेश अभिभाषक मनीष यादव ने बताया, सरकार ने निजी गाड़ियों पर हूटर, बत्ती लगाने पर प्रतिबंध लगाया है, लेकिन कई निजी गाड़ियां पर ये लगे हैं। नंबर प्लेट भी नियमों के खिलाफ लगी है। इसके खिलाफ पूर्व पार्षद महेश गर्ग ने जनहित याचिका दायर की थी। इस पर गुरुवार को हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान कोर्ट में ऐसी कई गाड़ियों के फोटो भी पेश किए गए, जिन्हें पात्रता नहीं थी, पर हूटर लगे थे। साथ ही बताया कि ये गाड़ियां पूरे शहर में घूम रही हैं, पर पुलिस कार्रवाई नहीं करती। इस पर कोर्ट ने अंतरिम आदेश जारी किया। कोर्ट ने ७ दिन में सभी गाड़ियों से हूटर हटवाने को कहा है। गलत नंबर प्लेट्स, गाड़ियाें पर लगने वाली फ्लैश लाइट्स के साथ ही नियम विरुद्ध लगी सभी एसेसरीज हटवाने के भी आदेश दिए। इसकी पालन प्रतिवेदन रिपोर्ट भी तलब की। हूटर बजाना गलत है, क्या हूटर लगाना भी गलत है.. कोर्ट ने याचिकाकर्ता के वकील से पूछा कि गाड़ियों से हूटर बजाना तो गलत है, क्या ये लगाना भी गलत है? इस पर अभिभाषक यादव ने बताया कि मोटर व्हीकल एक्ट में हूटर, फ्लैश लाइट्स, नंबर प्लेट्स आदि के लिए नियम तय हैं। उन्होंने नियमों का उल्लेख भी किया।

शेयर मार्केट में बिकवाली का तूफान, सेंसेक्स 585 अंक गिरा, निफ्टी नीचे लुढ़का

मुंबई  शेयर बाजार में आज भारी गिरावट देखने को मिली है। दिन में एक वक्त पर मार्केट हरे निशान के ऊपर ट्रेड करने लगा था। लेकिन बाजार तेजी को बरकरार नहीं रख पाया। जिसकी वजह सेंसेक्स 0.72 प्रतिशत या फिर 585.67 अंक की गिरावट के साथ 80,599.91 अंक पर बंद हुआ है। वहीं, निफ्टी 0.82 प्रतिशत या फिर 203 अंक की गिरावट के साथ 24,565.35 अंक रहा है। बता दें, ट्रंप के टैरिफ वाले फैसले और एफपीआई की निकासी ने घरेलू बाजार पर दबाव बढ़ाया है। जिसकी वजह से यह गिरावट देखने को मिली है। शुक्रवार को निफ्टी का इंट्रा-डे हाई 24734.90 अंक और इंट्रा-डे लो 24535.05 अंक रहा है। सेंसेक्स का इंट्रा-डे हाई 81,317.51 अंक और इंट्रा-डे लो लेवल 80,495.57 अंक रहा है। ट्रेंट में दिखी तेजी सेंसेक्स की टॉप 30 में से 24 कंपनियों के शेयर गिरावट के साथ बंद हुए हैं। सनफार्मा के शेयरों का भाव 4.63 प्रतिशत तक लुढ़क गया है। वहीं, टाटा स्टील के शेयर 3 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुए हैं। इंफोसिस, मारुति, टाटा मोटर्स, टेक महिंद्रा के शेयरों में भी 2 या फिर 2 प्रतिशत से अधिक की गिरावट देखी गई है। दूसरी तरफ इस दबाव के माहौल में रिलायंस, कोटक बैंक, आईटीसी, हिन्दुस्तान यूनिलीवर, एशियन पेंट्स और ट्रेंट (3 प्रतिशत) के शेयरों में तेजी दर्ज की गई है। शेयर बाजार में गिरावट और बड़ी हो गई है। सेंसेक्स 424.14 अंक या फिर 0.52 प्रतिशत की गिरावट के साथ 80,761.44 पर ट्रेड कर रहा था। वहीं, निफ्टी, 153.05 अंक या फिर 0.62 प्रतिशत की गिरावट के बाद 24,615.30 अंक पर ट्रेड कर रहा था।  शेयर मार्केट में गिरावट बढ़ गई है। एफएमसीजी और मीडिया को छोड़ सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल हैं। बैंक निफ्टी से लेकर ऑयल एंड गैस तक सेक्टोरल इंडेक्स में भारी गिरावट हैं। फार्मा और हेल्थ केयर स्टॉक्स तो बुरी तरह पिटे हैं। निफ्टी फार्मा इंडेक्स करीब 3 फीसद टूटा है तो हेल्थ केयर इंडेक्स में 2.35 पर्सेंट की भारी गिरावट है। निफ्टी गिरावट का शतक लगाकर 105 अंक नीचे 24662 पर आ गया है। एक समय 24,784 पर पहुंच गया था। जबकि, सेंसेक्स भी अब 275 अंकों के नुकसान के साथ 80910 पर ट्रेड कर रहा है। एक समय यह 81317 पर था। शेयर मार्केट में आज तेज उतार-चढ़ाव है। बाजार एक बार फिर लाल निशान में आ गया है। बैंक निफ्टी से लेकर ऑयल एंड गैस तक सेक्टोरल इंडेक्स लाल हैं। फार्मा और हेल्थ केयर स्टॉक्स तो बुरी तरह पिटे हैं। निफ्टी फार्मा इंडेक्स और हेल्थ केयर इंडेक्स में क्रमश: 2.75 और 2.21 पर्सेंट की भारी गिरावट है। निफ्टी गिरावट का शतक लगाकर 103 अंक नीचे 24665 पर आ गया है। एक समय 24,784 पर पहुंच गया था। जबकि, सेंसेक्स भी अब 240 अंकों के नुकसान के साथ 80944 पर ट्रेड कर रहा है। एक समय यह 81317 पर था। शेयर मार्केट में आज तेज उतार-चढ़ाव है। बाजार एक बार फिर लाल निशान में आ गया है। निफ्टी 59 अंक नीचे 24709 पर आ गया है। एक समय 24,784 पर पहुंच गया था। सेंसेक्स भी अब 136 अंकों के नुकसान के साथ 81,048 पर ट्रेड कर रहा है। एक समय यह 81317 पर था। कच्चे तेल की कीमतों में नरमी तथा भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के हस्तक्षेप की आशंका के बीच रुपया शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में 40 पैसे मजबूत होकर 87.25 प्रति डॉलर पर पहुंच गया। अमेरिका के भारतीय निर्यात पर 25 प्रतिशत शुल्क लगाने से निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। अंतरबैंक विदेशी विनिमय मुद्रा बाजार में रुपया 87.60 प्रति डॉलर पर खुला और शुरुआती कारोबार में 87.25 प्रति डॉलर पर पहुंच गया, जो पिछले बंद भाव से 40 पैसे की बढ़त दर्शाता है।  शेयर मार्केट आज के नुकसान की भरपाई कर हरे निशान पर आ गया है। हरियाली लौट आई है। सेंसेक्स अब 90 अंकों की उछाल के साथ 81275 पर है। जबकि, निफ्टी में 8 अंकों की तेजी है और यह 24776 पर है। निफ्टी टॉप गेनर्स में आयशर मोटर्स, हिन्दुस्तान यूनिलीवर, एशियन पेंट्स, ट्रेंट और नेस्ले के शेयर हैं। शेयर मार्केट अब रिकवरी मोड में है। सेंसेक्स केवल 6 अंक नीचे 81179 पर है। जबकि, निफ्टी में 21 अंकों की गिरावट है और यह 24746 पर है। निफ्टी टॉप गेनर्स में आयशर मोटर्स, हिन्दुस्तान यूनिलीवर, एशियन पेंट्स, ट्रेंट और नेस्ले के शेयर हैं। जबकि, निफ्टी टॉप लूजर में सन फार्मा, सिप्ला, डॉक्टर रेड्डी, टाटा मोटर्स और जेएसडब्ल्यू स्टील।  

जज के फैसले ने तोड़ा हौसला: रेप केस में दोषी करार के बाद कोर्ट में रो पड़ा रेवन्ना

बेंगलुरु  पूर्व हासन सांसद प्रज्वल रेवन्ना को बलात्कार के मामले में कोर्ट ने दोषी ठहराया है. अदालत सजा की अवधि का ऐलान कल यानी 2 अगस्त को करेगी. कोर्ट का फैसला सुनकर रेवन्ना अदालत में भावुक हो गया और रो पड़ा. यह फैसला बेंगलुरु स्थित निर्वाचित जनप्रतिनिधियों से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए गठित विशेष अदालत ने सुनाया है. बलात्कार के मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद प्रज्वल रेवन्ना कोर्ट में भावुक हो गया और फूट-फूटकर रोने लगा. फैसला सुनने के बाद कोर्ट से बाहर निकलते समय भी वह रोता रहा. यह फैसला एफआईआर दर्ज होने के सिर्फ 14 महीने बाद सुनाया गया है. सबूत के रूप में पेश की गई साड़ी प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ दर्ज बलात्कार के मामले में एक महत्वपूर्ण सबूत के रूप में साड़ी को कोर्ट में पेश किया गया. आरोप है कि पूर्व सांसद ने घरेलू सहायिका के साथ एक नहीं बल्कि दो बार बलात्कार किया. पीड़िता ने घटना का वीडियो भी रिकॉर्ड किया और उसके पास वह साड़ी भी मौजूद थी, जिसे उसने सबूत के तौर पर संभाल कर रखा था. जांच में उस साड़ी पर स्पर्म के निशान पाए गए, जिससे यह मामला और भी मजबूत हो गया. अदालत में इस साड़ी को निर्णायक सबूत के रूप में पेश किया गया. प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) और आईटी एक्ट की कई धाराओं के तहत आरोप तय किए गए थे. कोर्ट अब सजा की अवधि (quantum of sentence) का ऐलान कल करेगी. जांच टीम ने जुटाए 123 सबूत प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ बलात्कार का मामला मैसूरु के केआर नगर की एक घरेलू सहायिका की शिकायत पर सीआईडी साइबर क्राइम थाने में दर्ज किया गया था. आरोप है कि पूर्व सांसद ने पीड़िता के साथ बलात्कार किया और उस कृत्य का वीडियो भी रिकॉर्ड किया. मामले की जांच सीआईडी के विशेष जांच दल (SIT) ने की, जिसने करीब 2,000 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की. जांच के दौरान टीम ने कुल 123 सबूत जुटाए.  सात महीनों में पूरा हो गया ट्रायल इस जांच का नेतृत्व सीआईडी इंस्पेक्टर शोभा और उनकी टीम ने किया. इस मामले की सुनवाई 31 दिसंबर 2024 को शुरू हुई थी, जिसमें अदालत ने 23 गवाहों की गवाही दर्ज की. इसके अलावा कोर्ट ने वीडियो क्लिप्स की फॉरेंसिक रिपोर्ट और घटनास्थल की निरीक्षण रिपोर्टों की भी समीक्षा की. ट्रायल मात्र सात महीनों में पूरा हो गया और दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद विशेष न्यायाधीश संतोष गजानन भट्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

एमपी में जल्द होगी राजनीतिक नियुक्तियों की बौछार, सूची को दिल्ली से मिली हरी झंडी

भोपाल मध्यप्रदेश की राजनीति में एक दो दिन में बड़ा उठापटक होने जा रहा है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के दिल्ली दौरे के बाद यह कयास लगने लगे हैं कि सूची फाइनल हो चुकी है। जी हां, इस सूची में निगम-मंडलों में राजनीतिक नियुक्तियों से संबंधित है। सत्ता-संगठन में तालमेल के लिए नई दिल्ली में गुरुवार रात मध्यप्रदेश के सांसदों की बैठक हुई। नई दिल्ली के एमपी भवन में संपन्न हुई इस बैठक की खास बात यह है कि इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के साथ ही पूर्व सीएम केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल, प्रदेश प्रभारी डॉ. महेन्द्र सिंह, सह प्रभारी सतीश उपाध्याय, प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद सहित लोकसभा एवं राज्यसभा के सांसद शामिल हुए। क्षेत्रीय-सामाजिक संतुलन साधने की कोशिश इस बैठक में क्षेत्रीय-सामाजिक संतुलन साधने की कोशिश की गई। इशारों ही इशारों में सबको साधने की कोशिश कर ली गई। मुख्यमंत्री ने सबसे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इसके बाद वे गृहमंत्री अमित शाह के अलावा अन्य बड़े नेताओं से भी मिले। संगठन के नेताओं से भी उनकी चर्चा हुई। इसके बाद मध्यप्रदेश में भारतीय जनता पार्टी को नया प्रदेश अध्यक्ष मिलने के बाद अब निगम-मंडल, बोर्ड और आयोगों में राजनीतिक नियुक्तियों का रास्ता खुल गया है। ऐसे में जल्द ही कई पदों पर नई नियुक्तियों की घोषणा हो सकती है।दरअसल, पिछले दिनों ओबीसी आयोग के अध्यक्ष पद पर रामकृष्ण कुसमारिया की नियुक्ति हुई है। इसके बाद अब निगम-मंडल, बोर्ड, आयोग और प्राधिकरणों में राजनीतिक नियुक्तियों की प्रक्रिया को लेकर हलचल तेज हो गई है। चर्चा है कि खुद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल दिल्ली से हरी झंडी मिलने के बाद अनुमोदित सूची में शामिल नामों की नियुक्तियों के आदेश जारी करेंगे। ऐसे किया गया चयन भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने संगठनात्मक अनुभव, क्षेत्रीय संतुलन और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखा है। पूर्व मंत्री, संगठन के वरिष्ठ पदाधिकारी, पूर्व विधायक, पूर्व सांसद और कुछ वर्तमान विधायकों को भी शामिल किया गया है। गौरतलब है कि वर्तमान में राज्य में निगम-मंडल, बोर्ड और आयोगों के लगभग तीन दर्जन से अधिक अध्यक्ष और उपाध्यक्ष के पद रिक्त हैं। डॉ. मोहन यादव ने लोकसभा चुनाव से पहले 45 निगम-मंडलों और बोर्डों में की गई पूर्ववर्ती नियुक्तियों को रद्द कर दिया था। तब से यह पद रिक्त हैं।

पुणे में communal clash: प्रतिमा विवाद के बाद मस्जिद पर हमला

 पुणे  महाराष्ट्र के पुणे जिले में आज (शुक्रवार) को दो समुदायों के बीच तनाव उस वक्त और बढ़ गया जब दौंड तालुका के यवत गांव में एक मस्जिद पर पथराव की घटना हुई. ये घटना तब सामने आई जब 26 जुलाई को यवत रेलवे स्टेशन परिसर स्थित नीलकंठेश्वर मंदिर में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को किसी ने खंडित कर दिया था. इससे पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया था. प्रतिमा खंडित करने की घटना के विरोध में कल बीजेपी विधायक गोपीचंद पडळकर ने कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर यवत गांव में मोर्चा निकाला था. इसके अगले ही दिन यानी आज मस्जिद पर पथराव की खबर आई, जिससे गांव और आसपास के इलाके में भारी तनाव फैल गया. हालात बिगड़ने से पहले ही पुलिस मौके पर पहुंची और भारी संख्या में बल तैनात कर दिया गया. हिंदू संगठनों का आरोप हिंदू संगठनों का कहना है कि छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा को जानबूझकर नुकसान पहुंचाया गया ताकि दो समुदायों के बीच नफरत फैलाई जा सके. इस घटना से हिंदू समाज की भावनाएं गहराई से आहत हुई हैं. संगठनों ने दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है. गांव में बंद और प्रदर्शन इस घटना के विरोध में यवत और आसपास के ग्रामीणों ने आज गांव पूरी तरह बंद रखा. बाजार, स्कूल और सार्वजनिक गतिविधियां थम गईं. ग्रामीणों ने विरोध मार्च निकाला और प्रशासन से आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार करने की मांग की. प्रशासन की अपील पुलिस ने पूरे इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए सघन निगरानी की जा रही है. प्रशासन ने लोगों से संयम बरतने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है. साथ ही मामले की जांच तेज़ी से जारी है. पुणे के SP संदीप सिंह गिल ने क्या कहा? समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत करते हुए पुणे के एसपी संदीप सिंह गिल ने जानकारी दी, 'यहां यवत गांव में दोपहर करीब 12 से 12:30 बजे के बीच पुलिस को जानकारी मिली कि एक युवक ने अपने व्हाट्सऐप या फेसबुक पर आपत्तिजनक स्टेटस डाला है. इस शिकायत के बाद युवक को थाने लाया गया और उस पर कार्रवाई शुरू की गई. इसके बाद कुछ गांववाले भी थाने पहुंच गए. पुलिस टीम ने गांव में शांति बनाए रखने के लिए गांव के प्रतिनिधियों के साथ बैठक शुरू की. लेकिन तब तक यह मैसेज सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका था. करीब एक हफ्ते पहले गांव में एक और घटना हुई थी, जिससे पहले से ही माहौल तनावपूर्ण था." उन्होंने कहा, ऐसे में लोगों की भावनाएं पहले से ही आहत थीं. इसी वजह से कुछ लोग सड़कों पर उतर आए और कुछ युवकों ने एक ढांचे को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की. हालांकि, इस घटना में किसी को भी चोट नहीं आई है. पुलिस प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई की और गांव में गश्त शुरू की. फिलहाल गांव में शांति है और स्थिति नियंत्रण में है.

जिले में खरीफ सीजन के लिए उर्वरक की हो रही पर्याप्त आपूर्ति

एमसीबी  जिले में खरीफ सीजन प्रारंभ होते ही कृषकों द्वारा खाद एवं बीज की मांग की जा रही है। जिसकी आपूर्ति हेतु जिले की सहकारी समितियों में खाद बीज का पर्याप्त भण्डारण है। जिले में यूरिया की उपलब्धता 3081.90 मि.टन, डीएपी की उपलब्धता 721.55 मि.टन, एनपीके की उपलब्धता 1459.20 मि.टन, एसएसपी की उपलब्धता 349.35 मि. टन, पोटाश की उपलब्धता 234.95 मि.टन है। जिसके विरुद्ध सहकारी समितियों में अब तक यूरिया का भण्डारण 2094.56 मि.टन, डीएपी का भण्डारण 616.55 मि.टन, एनपीके का भण्डारण 1368.10 मि.टन, एसएसपी 325.35 मि.टन, पोटाश 156.85 मि.टन इस प्रकार समस्त उर्वरकों का भण्डारण 4702.52 मि.टन हुआ है। अब तक जिले के कृषकों द्वारा यूरिया 2013. 56 मि.टन.. डीएपी 491.20 मि.टन, एनपीके 1312.25 मि.टन, एसएसपी 190.35 मि.टन एवं पोटाश 120.7525 मि.टन कुल 4128.11 मि.टन, उर्वरक का उठाव किया गया है। कृषक की मांग को ध्यान में रखते हुए सहकारी समितियों में नियमित रूप से उर्वरक का भण्डारण किया जा रहा है। इसके साथ ही जिले में डीएपी की कमी को पूरा करने के लिए नैनो डीएपी 804 लीटर का भण्डारण किया गया है तथा अब तक 114 लीटर नैनो डीएपी का वितरण कृषको को किया जा चुका है। जिले की प्रमख सहकारी समितियों जैसे चैनपुर, बरबसपुर, केल्हारी, जनकपुर, खड़गवां एवं कोड़ा व विकासखण्ड की अन्य समितियों में उर्वरक की उपलब्धता बनी हुई है। कृषि विभाग द्वारा यह सुनिश्चित किया गया है कि किसी भी किसान को खाद की कमी न हो। उर्वरक के उठाव होने के साथ साथ भण्डारण की कार्यवाही भी की जा रही है। आने वाले समय में उर्वरक की कमी नहीं होगी।

डायरिया रोकथाम अभियान के अंतर्गत ग्राम पंचायत मोहनटोला में चला जागरूकता कार्यक्रम

एमसीबी/भरतपुर जिले के विकासखंड भरतपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत मोहनटोला में आज लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी सेवा विभाग द्वारा जल जीवन मिशन के तहत  ÞStop Diarrhoea CampaignÞ के अंतर्गत एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की टीम द्वारा ग्रामीणों को स्वच्छता, शुद्ध पेयजल एवं स्वस्थ जीवनशैली के महत्व पर विस्तार से जानकारी दी गई। टीम ने ग्रामीणों को डायरिया से बचाव के उपाय, हाथ धोने की सही विधि तथा दैनिक जीवन में स्वच्छता बनाए रखने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया। इस पहल का उद्देश्य ग्रामीणों को जल जनित रोगों से बचाने और बीमारियों की रोकथाम हेतु स्वच्छ जल व स्वच्छता के प्रति प्रेरित करना था।

रक्तदान महादान – वी क्लब मनेन्द्रगढ़ का सराहनीय आयोजन

  एमसीबी/मनेन्द्रगढ़ द एसोसिएशन ऑफ वी क्लब ऑफ इंडिया – वी क्लब समर्पण, मनेन्द्रगढ़ के द्वारा सेंटर हॉस्पिटल में एक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। क्लब की अध्यक्ष श्रीमती बबीता अग्रवाल के नेतृत्व में यह शिविर संपन्न हुआ। रक्तदान एक जीवन रक्षक कार्य है – इस बात को दोहराते हुए अध्यक्ष बबीता अग्रवाल ने कहा: “रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है। हमारा थोड़ी देर का दिया गया रक्त, किसी की पूरी ज़िंदगी को बचा सकता है। समाज के हर व्यक्ति को वर्ष में कम से कम दो बार रक्तदान अवश्य करना चाहिए।” यह रक्तदान शिविर डॉ. लोकेश गुप्ता के कुशल निर्देशन में आयोजित हुआ, और रक्त संग्रहण सेंटर हॉस्पिटल के मदर ब्लड बैंक के सहयोग से किया गया।  10 लोगों ने किया स्वेच्छा से रक्तदान, जिनमें बबीता अग्रवाल,प्रतिभा अग्रवाल ,वर्षा अग्रवाल,सजल अग्रवाल,अंकिश अग्रवाल,पलक गोयल,दीनानाथ चक्रवर्ती ,महावीर सिंह शामिल रहे. इस अवसर पर क्लब की अन्य सदस्याएं पम्मी अरोड़ा, मधु जैन, मीरा गुप्ता, निधि अग्रवाल आदि उपस्थित रहीं और शिविर को सफल बनाने में सहयोग किया।  रक्तदान से जुड़ी भ्रांतियों का सच: * भ्रांति: रक्तदान से कमजोरी आती है। *सच्चाई: एक स्वस्थ व्यक्ति को रक्तदान से कोई नुकसान नहीं होता। शरीर 24-48 घंटों में खोया हुआ द्रव वापस बना लेता है। * भ्रांति: महिलाओं को रक्तदान नहीं करना चाहिए।  *सच्चाई: यदि हीमोग्लोबिन सामान्य हो, तो महिलाएं भी पूरी तरह सुरक्षित रूप से रक्तदान कर सकती हैं। * भ्रांति: डायबिटीज या हाई बीपी वाले रक्तदान नहीं कर सकते। * सच्चाई: यदि रोग नियंत्रण में हो और डॉक्टर की अनुमति हो, तो ये लोग भी रक्तदान कर सकते हैं. इस संबंध में श्रीमती प्रतिभा अग्रवाल ने कहा कि "रक्तदान सिर्फ एक सामाजिक कर्तव्य नहीं, यह मानवता की सबसे बड़ी सेवा है। जब आप रक्त देते हैं, तो आप सिर्फ एक यूनिट नहीं, किसी की उम्मीद, मुस्कान और ज़िंदगी देते हैं.

रचना परमार बनीं वर्ल्ड चैंपियन, कुश्ती में दिलाया भारत को गोल्ड

बौंदखुर्द ग्रीस में आयोजित विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में बौंदखुर्द निवासी होनहार युवा पहलवान रचना ने सराहनीय प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीता है। 43 किलोग्राम भारवर्ग में रचना ने यह उपलब्धि हासिल की है। हाल ही में भारतीय कुश्ती फेडरेशन के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण भी बौंद में आयोजित कार्यक्रम में रचना परमार को सम्मानित करने पहुंचे थे। बता दें कि रचना परमार कुश्ती के क्षेत्र में लगातार उम्दा प्रदर्शन कर रही हैं। हाल ही में ग्रीस में आयोजित प्रतियोगिता में उन्होंने अपने स्वर्णिम प्रदर्शन को फिर से दोहराया। विश्व कुश्ती चैंपियनशिप में रचना ने यूएससए, कनाडा, चीना और मिस्र देश की पहलवान को पटकनी दी। चैंपनिपनशिप में रचना परमार का खिताबी मुकाबला चीन ही पहलवान से हुआ और इसके मुकाबले को उन्होंने 3-0 के अंतर से अपने नाम किया। वहीं, रचना की उपलब्धि से गांव में खुशी का माहौल है और परिजनों को बधाई देने के लिए लोग घर पहुंच रहे हैं। वीरवार रात हुए निर्णायक मुकाबले को परिजनों ने घर पर ग्रामीणों ने साथ देखा और रचना के पदक जीतते ही खुशी से झूम उठे। ग्रामीणों ने रचना के परिजनों का मुंह मीठा कराते हुए बेटी की शानदार उपलब्धि पर बधाई दी और खुशी में पटाखे भी फोड़े। बेटी से ओलंपिक पदक की आस: अजीत सिंह बेटी की स्वर्णिम सफलता से पिता अजीत सिंह गदगद हैं। उनका कहना है कि रचना से आने वाले समय में ओलंपिक पदक की आस है। पूरी उम्मीद है कि वो परिजनों समेत देशवासियों की आस और अपने सपने को साकार करेगी।

फ्लाइट कैंसिलेशन अलर्ट: इंदौर की तीन उड़ानें बंद, यात्रियों को राहत के लिए मिलेंगे विकल्प

इंदौर   इंदौर एयरपोर्ट से तीन शहरों के लिए चलने वाली सीधी फ्लाइट बंद हो गई है। आज से ही यह फ्लाइट इंडिगो एयरलाइंस के द्वारा बंद कर दी गई हैं। इससे इंदौर से नासिक, उदयपुर और जोधपुर के लिए लोगों को सीधी फ्लाइट मिलना बंद हो जाएगी। इन तीनों फ्लाइट का संचालन इंडिगो एयरलाइंस कंपनी कर रही थी जिसने तीनों ही रूटों पर कुछ दिन पहले एडवांस बुकिंग बंद कर दी थी। वहीं जिन यात्रियों ने बहुत पहले से एडवांस बुकिंग करा ली थी, उन्हें कंपनी अब रिफंड या फिर कनेक्टिंग फ्लाइट का ऑप्शन दे रही है। यह फ्लाइट आज से बंद जोधपुर फ्लाइट (6E-7358/7359): सुबह 10:40 बजे इंदौर से रवाना होकर 12:20 बजे जोधपुर पहुंचती थी। वापसी में यह फ्लाइट दोपहर 12:45 बजे जोधपुर से उड़ान भरकर 1:15 बजे इंदौर आती थी। उदयपुर फ्लाइट (6E-7348/7424): दोपहर 2:40 बजे इंदौर से रवाना होकर 3:40 बजे उदयपुर पहुंचती थी। वहां से शाम 4:20 बजे रवाना होकर 5:25 बजे इंदौर लौटती थी। नासिक फ्लाइट (6E-7109/7155): दोपहर 2:45 बजे इंदौर से रवाना होकर 3:55 बजे नासिक पहुंचती थी। नासिक से शाम 4:15 बजे उड़ान भरकर 5:25 बजे इंदौर लौटती थी। अब यह विकल्प इंदौर से जोधपुर के लिए चार कनेक्टिंग फ्लाइट हैं। इंदौर से यात्री अब उदयपुर के लिए इंदौर से वाया दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु होते हुए जा सकेंगे। 10 से ज्यादा फ्लाइट इंदौर से मिलेंगी। इसी तरह इंदौर से नासिक जाने वाली यात्री इंदौर से वाया दिल्ली और हैदराबाद की कनेक्टिंग फ्लाइट लेकर नासिक जा सकेंगे। हालांकि इन कनेक्टिंग फ्लाइट का किराया आम फ्लाइट से दो से ढाई गुना तक लगेगा।