News Aazad Bharat

शुभमन गिल की चुनौती: डब्ल्यूटीसी में रोहित से आगे निकलने को चाहिए तीन शतक

मुंबई भारतीय क्रिकेट टीम के नये टेस्ट कप्तान शुभमन गिल आजकल इंग्लैंड दौरे में छाये हुए हैं। शुभमन ने बर्मिंघम में दूसरे टेस्ट में भी शतक लगाया है। इससे उनके शतकों की संख्या अब सात हो गयी है। इस प्रकार देखा जाये तो शुभमन विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) में 7 शतकों के साथ ही सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले भारतीय खिलाड़ियों की सूची में दूसरे नंबर पर पहुंच गये हैं। डब्ल्यूटीसी में सबसे ज्यादा शतक भारतीय टीम के पूर्व कप्तान रोहित शर्मा के नाम है। रोहित ने इस चैंपियनशिप में कुल 9 शतक जड़े हैं। उन्होंने टेस्ट से संन्यास ले लिया है। वहीं शुभमन जिस प्रकार खेल रहे हैं उससे वह पांच टेस्ट मैचों की इस सीरीज में रोहित की बराबरी कर सकते हैं या उन्हें पीछे छोड़ सकते हैं।  शुभमन अगर दो शतक लगा दें तो रोहित की बराबरी पर आ जाएंगे। वहीं तीन शतक से उन्हें पीछे छोड़ देंगे। भारत की ओर से ऋषभ पंत के नाम 6 हैं और वह तीसरे नंबर पर हैं। वहीं डब्ल्यूटीसी में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाज की सूची में इंग्लैंड के अनुभवी बल्लेबाज जो रूट 18 शतकों के साथ टॉप पर हैं। वहीं रूट के अलावा कोई बल्लेबाज अभी तक 15 शतक से आगे नहीं आ पाया है। वहीं 13 शतकों के साथ ऑस्ट्रेलिया के स्टीव स्मिथ दूसरे नंबर पर हैं। डब्ल्यूटीसी में सबसे अधिक शतक लगाने के मामले में रुट 18 शतक के साथ पहले। वहीं ऑस्ट्रेलिया के स्टीव स्मिथ 13 शतकों के साथ ही दूसरे व ऑस्ट्रेलिया के ही मार्नस लाबुशेन 11 शतक लगाकर तीसरे नंबर पर हैं। भारत के रोहित 9 शतक के साथ ही चौथे नंबर पर हैं जबकि श्रीलंका के डी सिल्वा 8 शतक सके साथ ही पांचवें नबर पर हैं। पाकिस्तान के बाबर आजम 8 शतक के साथ ही छठे जबकि ऑस्ट्रेलिा के उस्मान ख्वाजा के भी 8 शतक हैं और वह भी छठे नंबर पर हैा।   

भारतीय फुटबॉल टीम के नये कोच मनोलो मार्केज ने छोड़ा पद, टीम की मुश्किलें बढ़ी

नई दिल्ली भारतीय फुटबॉल टीम की मुश्किलें बढ़ गयी है। टीम के नये कोच मनोलो मार्केज ने भी अपना पद छोड़ दिया है। मार्केज ने एक साल से भी कम समय में अपना पद छोड़ दिया। उन्हें पिछले साल अगस्त में इगोर स्टिमैक के पद छोड़ने के बाद कोच बनाया गया था। मार्केज ने अखिल भारतीय फुटबॉल संघ (एआईएफएफ) के साथ आपसी सहमति से पद छोड़ा है। वहीं पिछले साल टीम के खराब प्रदर्शन को देखते हुए स्टिमैक को राष्ट्रीय संघ ने कोच पद से हटा दिया था।  मार्केज को एआईएफएफ ने उन्हें तीन साल के लिए राष्ट्रीय टीम का कोच बनाया था पर अचानक ही उनके इस्तीफे से साफ है कि एआईएफएफ में सब कुछ ठीक नहीं चल रहा। वहीं एआईएफएफ के उप महासचिव के सत्यनारायण ने कहा है कि, एआईएफएफ और मनोलो ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला किया है। साथ ही कहा कि एआईएफएफ जल्द ही नया मुख्य कोच नियुक्त करेगा। वहीं सवाल ये भी उठता है कि जिस प्रकार से कम समय के अंतराल में कोच हटाये जा रहे हैं उससे भारतीय टीम कैसे आगे बढ़ेगी। उनकी कोचिंग में भारतीय टीम का प्रदर्शन निराशाजनक रहा। टीम ने उनके नेतृत्व में 8 मैच खेले, जिनमें से सिर्फ एक में जीत हासिल की। यह जीत भी एक मैत्री मैच में मार्च 2025 में मालदीव के खिलाफ दर्ज की गई थी, जिसे भारत ने 3-0 से जीता था। सबसे ताजा झटका 10 जून को लगा, जब भारत को हांगकांग के खिलाफ 2027 एएफसी एशिया कप क्वालीफायर मुकाबले में 0-1 से हार का सामना करना पड़ा। मारक्वेज की कोचिंग में भारत की फीफा रैंकिंग में भी जबरदस्त गिरावट देखने को मिली है। जुलाई 2023 में भारत 99वें स्थान पर था, लेकिन अब 127वें स्थान तक फिसल चुका है। नवंबर 2023 के बाद से भारतीय टीम ने कोई भी मैच नहीं जीता है। गौरतलब है कि मारक्वेज को स्टीमैक की जगह लाया गया था। स्टीमैक की कोचिंग में भारत ने कुवैत के खिलाफ आखिरी जीत दर्ज की थी।  

भारत की दमदार शुरुआत बेकार, लंच तक 5 विकेट खोकर 249 रन बनाये, स्मिथ ने ठोका शतक

नई दिल्ली  टीम इंडिया और इंग्लैंड के बीच दूसरा टेस्ट मैच एजबेस्टन में खेला जा रहा है। भारतीय टीम ने शुभमन गिल के दोहरे शतक (269) की बदौलत पहली पारी में 587 रन बनाए हैं। इसके जवाब में इंग्लैंड की टीम ने तीसरे दिन लंच तक 5 विकेट खोकर 249 रन बना लिए हैं। जेमी स्मिथ ने 80 गेंदों में शतक पूरा किया है, जबकि ब्रूक भी सेंचुरी के करीब हैं। तीसरे दिन के पहले सेशन में इंग्लैंड ने जो रूट और बेन स्टोक्स का विकेट गंवाया। लेकिन उसके बाद जैमी स्मिथ और हैरी ब्रूक ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी की और तेजी से रन बटोरे। आकाशदीप ने दो और सिराज ने तीन विकेट चटकाए हैं। इंग्लैंड 338 रन से पीछे जेमी स्मिथ ने 47वें ओवर की तीसरी गेंद पर चौका लगाकर अपना शतक पूरा किया। जेमी का दूसरा टेस्ट शतक है। जेमी स्मिथ ने अपनी 102 रनों की पारी में 82 गेंदों में 14 चौके और तीन छक्के लगाए। लंच तक इंग्लैंड ने पांच विकेट पर 249 रन बना लिये है और जेमी स्मिथ (नाबाद 102) तथा हैरी ब्रूक (नाबाद 91) क्रीज पर मौजूद है। इंग्लैंड हालांकि अभी भी भारत के पहली पारी में बनाये गए स्कोर से 338 रन पीछे है। तीसरे दिन पहले सेशन में इंग्लैंड ने बनाए 172 रन इंग्लैंड ने तीसरे दिन के पहले सेशन में 27 ओवर में दो विकेट खोकर 172 रन बनाए। इस दौरान हैरी ब्रूक और जेमी स्मिथ के बीच छठे विकेट के लिए 165 रन की साझेदारी हुई है। स्मिथ शतक लगा चुके हैं। 

मैट रेनशॉ और जेसन सांघा करेंगे ऑस्ट्रेलिया-ए की कप्तानी, श्रीलंका-ए के खिलाफ होगी सीरीज

मेलबर्न ऑस्ट्रेलिया की एकदिवसीय टीम की नई संरचना की दिशा में कदम बढ़ाते हुए, अनुभवी बल्लेबाज मैट रेनशॉ को ऑस्ट्रेलिया-ए की 50 ओवरों की टीम का कप्तान नियुक्त किया गया है। वहीं, प्रतिभाशाली बल्लेबाज जेसन सांघा को श्रीलंका-ए के खिलाफ चार दिवसीय मुकाबलों के लिए कप्तानी सौंपी गई है। श्रीलंका-ए की टीम तीन एकदिवसीय और दो चार दिवसीय मैचों की श्रृंखला के लिए ऑस्ट्रेलिया दौरे पर है। यह मुकाबले डार्विन के मारारा ओवल में 5 जुलाई से शुरू होंगे। चार दिवसीय मुकाबले क्रमशः 13 और 20 जुलाई से खेले जाएंगे। हालांकि, अनुभवी नाथन मैकस्वीनी टीम का हिस्सा हैं और वे ऑस्ट्रेलिया-ए के नियमित कप्तान रहे हैं, फिर भी चयनकर्ताओं ने इस बार नेतृत्व की जिम्मेदारी रेनशॉ और सांघा को सौंपने का फैसला किया है। चयन समिति के अध्यक्ष जॉर्ज बेली ने कहा कि यह फैसला युवा खिलाड़ियों को नेतृत्व का अनुभव देने की रणनीति के तहत लिया गया है। बेली ने एक बयान में कहा, नाथन मैकस्वीनी स्वाभाविक लीडर हैं, उन्होंने ऑस्ट्रेलिया-ए, साउथ ऑस्ट्रेलिया और प्रधानमंत्री एकादश के लिए शानदार कप्तानी की है। लेकिन हम चाहते हैं कि रेनशॉ और सांघा को भी नेतृत्व का अनुभव मिले। 29 वर्षीय रेनशॉ ने अब तक केवल दो बार पेशेवर क्रिकेट में कप्तानी की है — वह भी 2022 में इंग्लैंड में समरसेट की ओर से। दूसरी ओर, 25 वर्षीय सांघा के पास अधिक कप्तानी अनुभव है। उन्होंने न्यू साउथ वेल्स के लिए शील्ड मैच और सिडनी थंडर के लिए बीबीएल में नेतृत्व किया है। इसके अलावा, उन्होंने अंडर-19 वर्ल्ड कप में भी ऑस्ट्रेलिया की कप्तानी की थी। रेनशॉ को अब तक टेस्ट विशेषज्ञ माना जाता था, लेकिन हाल के घरेलू एकदिवसीय प्रदर्शन से वह लिमिटेड ओवर टीम में जगह बनाने के दावेदार बन गए हैं। उन्होंने लिस्ट ए क्रिकेट में छह शतक लगाए हैं, जिनमें से चार नंबर-4 पर बल्लेबाजी करते हुए आए हैं। उनका नंबर-4 पर औसत 45.07 और स्ट्राइक रेट 97.50 है। पिछले 10 लिस्ट ए मैचों में उनका स्ट्राइक रेट 112.69 रहा है। ऑस्ट्रेलिया को अगले दो वर्षों में 2027 वनडे विश्व कप की तैयारी के तहत नई ओडीआई टीम तैयार करनी है, खासकर स्टीव स्मिथ और ग्लेन मैक्सवेल के संन्यास के बाद। रेनशॉ की 360-डिग्री बल्लेबाजी शैली और बाएं हाथ के विकल्प के रूप में मौजूदगी उन्हें मजबूत दावेदार बनाती है। वहीं, सांघा ने हाल ही में शील्ड सीज़न में 704 रन बनाए, जिसमें तीन शतक शामिल हैं। उन्होंने फाइनल में 126* रन की मैच विनिंग पारी खेली थी। हालांकि वह नंबर-3 पर औसतन 36.78 रन ही बनाते हैं, लेकिन नंबर-4 पर उनका औसत 45.25 है। इस सीरीज़ में कई अन्य खिलाड़ी भी चयनकर्ताओं को प्रभावित करने का प्रयास करेंगे, जिनमें मैकस्वीनी, दो टेस्ट खेल चुके कर्टिस पैटरसन, और अनुभवी जैक वेदराल्ड शामिल हैं। युवा खिलाड़ियों में विक्टोरिया के कैंपबेल केलीवे (22) और ओलिवर पीक (18) भी अपनी प्रतिभा दिखा सकते हैं। इस सीरीज़ में ऑस्ट्रेलिया-ए के कोच की भूमिका में पूर्व कप्तान टिम पेन नजर आएंगे। ऑस्ट्रेलिया-ए एकदिवसीय टीम: सैम इलियट, मैट गिल्क्स, ब्रायस जैक्सन, जैंडेन जेह, कैंपबेल केलीवे, नाथन मैकस्वीनी, ओली पीक, जोश फिलिप, जैक निस्बेट, मैट रेनशॉ (कप्तान), जेसन सांघा, लियाम स्कॉट, बिली स्टैनलेक, हेनरी थॉर्नटन। श्रीलंका-ए एकदिवसीय टीम: कमील मिशारा, लाहिरु उदारा (कप्तान), लसित क्रूसपुले, पसिंदु सूरियाबंदरा, नुवानिदु फर्नांडो, पवन रत्नायके, सहान अराच्चिगे, सोनल दिनुषा, चामिंदु विक्रमसिंघे, शिरान फर्नांडो, इसिथा विजेसुंदर, प्रमोद मदुशन, मोहम्मद शिराज, दुशन हेमंथा, वनुजा सहान।  

ओबैदुल्लाह ख़ान गोल्ड कप की विरासत को बचाने के लिए आगे आए असलम शेर ख़ान, की भावुक अपील

नई दिल्ली भारतीय हॉकी के स्वर्णिम अतीत में कुछ टूर्नामेंट केवल खेल आयोजन नहीं थे, बल्कि सांस्कृतिक एकता और सामाजिक समरसता के प्रतीक थे। ओबैदुल्लाह ख़ान गोल्ड कप ऐसा ही एक टूर्नामेंट था, जिसकी शुरुआत 1931 में भोपाल के नवाब की पहल पर हुई थी। यह टूर्नामेंट न केवल भारतीय हॉकी का गौरव था, बल्कि गंगा-जमुनी तहज़ीब का ज़िंदा उदाहरण भी। लेकिन आज, यह गौरवशाली आयोजन खामोशी से इतिहास के अंधेरों में खो गया है। इस चुप्पी को असलम शेर ख़ान जैसे दिग्गज खिलाड़ी ने तोड़ा है।  ओलंपियन और भारतीय हॉकी के गौरव असलम शेर ख़ान ने एक भावुक अपील करते हुए ओबैदुल्लाह ख़ान गोल्ड कप को पुनर्जीवित करने की मुहिम शुरू की है। उन्होंने कहा, “मैंने भारत के लिए हॉकी के मैदान पर लड़ाई लड़ी है। लेकिन आज मैं एक और ज़्यादा निजी लड़ाई लड़ रहा हूँ — हमारी हॉकी विरासत को बचाने की लड़ाई।” असलम शेर ख़ान का यह बयान न सिर्फ एक टूर्नामेंट के लिए चिंता है, बल्कि एक पूरे युग के लिए शोकगीत भी है। उन्होंने मध्य प्रदेश सरकार पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कहा कि जिन्हें इस टूर्नामेंट का संरक्षक होना चाहिए था, वही आज इसकी अनदेखी कर रहे हैं। उनका मानना है कि यह टूर्नामेंट सिर्फ हॉकी नहीं था, यह उस साझी विरासत का प्रतीक था जो धर्म, जाति और भाषा की सीमाओं से परे था। ओबैदुल्लाह ख़ान गोल्ड कप में भोपाल की गलियों से निकले दर्जनों खिलाड़ी देश का प्रतिनिधित्व करते थे। ऐशबाग स्टेडियम में हज़ारों की भीड़, गूंजते नारे, और जश्न के वे पल — सबकुछ अब एक बीते हुए कल की तरह लगने लगा है। लेकिन असलम शेर ख़ान इस बीते हुए कल को फिर से वर्तमान में लाना चाहते हैं। उन्होंने अपील की है कि खेलप्रेमी, पूर्व खिलाड़ी, और आम नागरिक एकजुट होकर इस टूर्नामेंट को दोबारा शुरू करें — सरकार के इंतज़ार के बिना। उन्होंने कहा, “अगर इस खेल ने कभी आपके दिल को छुआ है — तो आज मेरे साथ खड़े हों। आइए ओबैदुल्लाह ख़ान गोल्ड कप को वापस लाएं।” उनकी इस पहल का उद्देश्य केवल एक टूर्नामेंट को दोबारा शुरू करना नहीं, बल्कि एक पूरी खेल परंपरा को फिर से जीवंत करना है। उनका मानना है कि जब तक इस टूर्नामेंट की वापसी नहीं होती, तब तक भोपाल की हॉकी विरासत अधूरी है। असलम शेर ख़ान का यह कदम सिर्फ अतीत की ओर देखना नहीं, बल्कि भविष्य को दिशा देना है। यह एक आह्वान है — उस विरासत को बचाने का, जो पीढ़ियों को जोड़ती थी, प्रेरणा देती थी और भारत की आत्मा में एकता का संचार करती थी।  

विंबलडन 2025 : इवांस को हराकर जोकोविच तीसरे दौर में पहुंचे, फेडरर का रिकॉर्ड तोड़ा

लंदन नोवाक जोकोविच ने विंबलडन में ब्रिटेन के डेनियल इवांस को 6-3, 6-2, 6-0 से हराकर पुरुष एकल के तीसरे दौर में प्रवेश किया। आठवें विंबलडन खिताब की तलाश में लगे 24 बार के ग्रैंड स्लैम चैंपियन को ऑल-इंग्लैंड क्लब में अपनी 99वीं जीत हासिल करने में एक घंटे और 47 मिनट लगे। जोकोविच को 2021 मोंटे कार्लो मास्टर्स में ब्रिटिश खिलाड़ी इवांस ने आश्चर्यजनक रूप से सीधे सेटों में हरा दिया था। उसके बाद दोनों पहली बार आमने-सामने थे। लेकिन, यहां जोकोविच उन्हें कोई मौका नहीं दिया। 38 साल के जोकोविच ने तीन सेटों में केवल नौ अंक गंवाए और इवांस को आसानी से हरा दिया। मैच का मुख्य आकर्षण जोकोविच के 46 विनर रहे। जोकोविच ने खेल पर नियंत्रण रखा और घरेलू खिलाड़ी को लगातार दबाव में रखा। जीत के बाद जोकोविच ने कहा, “मुझे लगता है कि हर कोई जानता था कि आज कोर्ट पर एक खास माहौल होने वाला है। ब्रिटेन में एक ब्रिटिश खिलाड़ी का सामना करना कभी भी आसान नहीं होता। वह एक अच्छे क्वालिटी के खिलाड़ी हैं। उनके पास बहुत प्रतिभा है।” जोकोविच की जीत ने उन्हें ओपन एरा में विंबलडन में सबसे अधिक पुरुष एकल तीसरे दौर में उपस्थिति (19) के मामले में रोजर फेडरर से आगे निकलने में भी मदद की। रिकॉर्ड पर जोकोविच ने कहा, “इसका मतलब है कि मैं काफी लंबे समय से खेल रहा हूँ। उन्नीस बार, यह एक बढ़िया आंकड़ा है। यह शायद सिनर और अल्काराज के जीवन के वर्षों के बराबर है, लेकिन मैं अभी भी इसका आनंद लेता हूं। विंबलडन मेरे दिल में सबसे खास टूर्नामेंट है, जिसे जीतने का सपना मैंने बचपन में हमेशा देखा था, इसलिए यहां बनाया गया कोई भी इतिहास मेरे लिए निश्चित रूप से बहुत खास है।” जोकोविच का अगला मुकाबला सर्बिया के ही मिओमिर केकमैनोविच से होगा, जिन्होंने दिन की शुरुआत में चार सेटों में जेस्पर डी जोंग को हराया था। इस मुकाबले में जीत से जोकोविच विंबलडन में अपनी 100वीं जीत दर्ज कर लेंगे।  

नीरज चोपड़ा क्लासिक 2025: कांतीरवा स्टेडियम में दिखा बेंगलुरु का खेल प्रेम

बेंगलुरु श्री कांतीरवा स्टेडियम शनिवार को होने वाले नीरज चोपड़ा क्लासिक के लिए पूरी तरह से तैयार है। एथलेटिक्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एएफआई) द्वारा अनुमोदित और दो बार के ओलंपिक पदक विजेता नीरज चोपड़ा एवं जेएसडब्ल्यू स्पोर्ट्स द्वारा सह-आयोजित इस कार्यक्रम में दुनिया के शीर्ष जैवलिन खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। मुख्य प्रतियोगियों में स्वयं नीरज चोपड़ा और 2016 रियो ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता थॉमस रोहलर के साथ-साथ अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगियों का एक मजबूत ग्रुप शामिल है। ‘नीरज चोपड़ा क्लासिक’ महज एक आयोजन नहीं है, बल्कि यह एक उस आंदोलन का उत्सव है, जो भारतीय खेल के भविष्य को आकार दे रहा है और नई पीढ़ी की प्रतिभा को प्रेरित कर रहा है। इससे पहले स्टेडियम में युवा खिलाड़ियों ने साइड ग्राउंड पर अभ्यास किया, जिससे स्टेडियम में ऊर्जा का संचार हुआ। स्टैंड में स्कूली बच्चे अंतर्राष्ट्रीय सितारों की एक झलक पाने के लिए बेसब्री से इंतजार करते दिखे। इस आयोजन की तैयारी के लिए स्टेडियम में काफी बदलाव किया गया है। कई स्टैंड्स में बैठने की व्यवस्था को नया रूप दिया गया है। नॉर्थ स्टैंड में कॉर्पोरेट और वीवीआईपी बॉक्स लगाए गए हैं, और प्रशंसकों को रनवे और इनफील्ड एक्शन का नजदीक से नजारा दिखाने के लिए पिच-साइड हॉस्पिटैलिटी जोन बनाया गया है। साउथ स्टैंड में एक मनोरंजन मंच बनाया गया है, जबकि एथलीटों के लिए श्रेष्ठतम प्रदर्शन की स्थिति सुनिश्चित करने के लिए मुख्य टर्फ को नए सिरे से बिछाया गया है। चोपड़ा इस आयोजन में आयोजक की भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। मौजूदा विश्व चैंपियन ने कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया से मुलाकात की और नीरज चोपड़ा क्लासिक 2025 के लिए निरंतर समर्थन के लिए राज्य सरकार की प्रशंसा की। नीरज चोपड़ा ने कहा, “मैं कर्नाटक सरकार, केओए और डीवाईईएस को धन्यवाद देना चाहता हूं कि उन्होंने स्टेडियम को अंतर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनके प्रयासों से हम एथलीटों के लिए विश्व स्तरीय सुविधाएं और प्रशंसकों के लिए समृद्ध अनुभव प्रदान करने में सक्षम हुए हैं।” चोपड़ा ने इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम से पहले केओए और डीवाईईएस द्वारा आयोजित एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “इस पुनर्निर्माण में बहुत मेहनत की गई है और मैं विशेष रूप से माननीय मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, डॉ. के. गोविंदराज और इसमें शामिल सभी अधिकारियों का आभारी हूं। यह सभी के लिए एक यादगार कार्यक्रम होगा।”  

कोच डैरेन सैमी ने अपने गेंदबाजों की तारीफ, ऑस्ट्रेलिया को सस्ते में समेटा

ग्रेनाडा वेस्टइंडीज के कोच डैरेन सैमी का मानना है कि उनकी टीम की तेज गेंदबाजी में आत्मविश्वास लगातार बढ़ रहा है। दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन बारिश से प्रभावित खेल में वेस्टइंडीज के गेंदबाजों ने ऑस्ट्रेलिया को 286 रन पर आउट कर दिया। यह मैच ग्रेनेडा के नेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला जा रहा है। यह तीसरी बार है जब इस सीरीज में वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाजों ने दुनिया की नंबर-1 टेस्ट टीम को कम स्कोर पर समेटा है। इससे आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैम्पियनशिप का यह मुकाबला दूसरे दिन के लिए रोमांचक बना हुआ है। सैमी ने स्टंप्स के बाद कहा, “हमने जिस तरह की तैयारी की थी और गेंदबाजों ने लगातार विरोधी टीम के टॉप बल्लेबाजों को चुनौती दी, वही नतीजा दिखा। जब से हमारे गेंदबाजी कोच रवि रामपाल जुड़े हैं, हमने टीम में एक नई सोच लाने की कोशिश की है, और गेंदबाज भी उसमें पूरा साथ दे रहे हैं, इसी का असर मैदान पर नजर आ रहा है।” तेज गेंदबाजों ने शानदार बॉलिंग की जिसमें अल्जारी जोसेफ ने 4 विकेट लिए, जिसमें स्टीव स्मिथ और उस्मान ख्वाजा जैसे अहम बल्लेबाजों को आउट किया। जेडन सील्स ने भी 2 विकेट लेकर ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी को कभी जमने नहीं दिया। सैमी ने आगे कहा, “हमने तीन पारियों में 30 विकेट ले लिए हैं, और अगर छोड़े गए कैच भी जोड़ लें तो शायद 37 विकेट होते। गेंदबाजों ने बहुत अच्छी लाइन-लेंथ रखी है, और सिर्फ ऑस्ट्रेलिया ही नहीं, कोई भी टीम इन गेंदों का सामना मुश्किल से कर पाती।” उन्होंने यह भी कहा, “अगर विरोधी टीम टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करे और आप उन्हें 280 के करीब रोक दें, तो इसे अच्छा ही माना जाएगा। लंच के बाद हमने कुछ मौके गंवाए, लेकिन बाद में जो 5 विकेट जल्दी लिए, उससे हम फिर मजबूत स्थिति में आ गए।” ऑस्ट्रेलिया की ओर से बेउ वेबस्टर ने सबसे ज्यादा 60 रन बनाए। उन्होंने माना कि बल्लेबाजी के लिए पिच थोड़ी मुश्किल थी और गेंदबाजों को मदद भी मिल रही थी। वेबस्टर ने कहा, “नई गेंद से तो काफी स्विंग था। मैं चाहता था कि हमारी टीम का स्कोर 300 के पार जाता, लेकिन 286 भी बुरा नहीं है।”  

WWE फैंस के लिए बड़ी खबर WWE चैंपियन जिंदर महल ने अपनी प्रेमिका प्रिया के साथ शादी रचाई

नई दिल्ली WWE के मशहूर पहलवान युवराज सिंह धेसी, जिन्हें जिंदर महल के नाम से भी जाना जाता है, उन्होंने अपनी गर्लफ्रेंड प्रिया के साथ शादी कर ली है। यह खबर WWE फैंस के लिए बहुत बड़ी है। जिंदर महल ने रिंग में लाखों लोगों का दिल जीता है और अब उन्होंने प्रिया के साथ जीवन बिताने का फैसला किया है। दोनों 28 जून 2025 को शादी के बंधन में बंधे। शादी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही हैं। WWE में कई खिताब जीत चुके हैं जिंदर युवराज सिंह धेसी एक भारतीय-कनाडाई पेशेवर पहलवान हैं। उन्हें रिंग में जिंदर महल, राज सिंह या टाइगर राज सिंह के नाम से जाना जाता है। वे पूर्व WWE चैंपियन, यूनाइटेड स्टेट्स चैंपियन और दो बार 24/7 चैंपियन रह चुके हैं। अपने पेशेवर जीवन में सफलता हासिल करने के बाद, उन्होंने प्रिया के साथ अपने निजी जीवन की भी शुरुआत की है। शादी के दिन शानदार लुक में दिखे जिंदर और प्रिया जिंदर महल और प्रिया की मुलाकात एक पूल पार्टी में हुई थी। यहीं से उनकी प्रेम कहानी शुरू हुई और उन्होंने हमेशा के लिए एक-दूसरे का साथ निभाने का फैसला किया। अपनी शादी के खास दिन पर, युवराज और प्रिया दोनों ने ही गैर-पारंपरिक रंग चुने। युवराज ने इलेक्ट्रिक ब्लू रंग की शेरवानी पहनी थी, जिसके साथ उन्होंने मैचिंग पगड़ी और जूते पहने थे। वहीं, प्रिया आइवरी रंग के लहंगे में बेहद खूबसूरत लग रही थीं। जॉन सीना ने अपने दिमाग से बचाई अपनी चैंपियनशिप, सरेआम दिया धोखा युवराज ने अपनी शादी की कई तस्वीरें अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर शेयर की हैं। उन्होंने अपनी प्री-वेडिंग शूट, सगाई और कॉकटेल सेरेमनी की तस्वीरें भी शेयर की हैं। युवराज को अकेले इंस्टाग्राम पर 662k लोग फॉलो करते हैं। प्रिया फ्लोरिडा के टाम्पा की रहने वाली हैं और एक फैशन कंटेंट क्रिएटर हैं। सोशल मीडिया पर उनकी भी अच्छी खासी फैन फॉलोइंग है। जिंदर के फैंस दे रहे बधाई जिंदर महल की शादी के बाद उनके फैंस काफी खुश हैं और उन्हें सोशल मीडिया पर बधाई दे रहे हैं। हर कोई उनकी नई जिंदगी के लिए शुभकामनाएं दे रहा है। जिंदर महल ने भी अपने फैंस को उनके प्यार और सपोर्ट के लिए धन्यवाद दिया है। जिंदर महल की शादी एक शानदार समारोह था, जिसमें उनके परिवार और दोस्तों ने शिरकत की। शादी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं और लोग उन्हें खूब पसंद कर रहे हैं।  

दिलीप मालव ने अमेरिका में दिखाया दम, कराटे में जीता गोल्ड

विश्व पुलिस एवं अग्निशमन खेल प्रतियोगिता में उज्जैन की कराते खिलाड़ी अर्पणा ने अमेरिका में जीता गोल्ड मेडल  बर्मिंघम में हो रहे वर्ल्ड पुलिस एंड फायर गेम्स में शेखर ने जीता रजत पदक  दिलीप मालव ने अमेरिका में दिखाया दम, कराटे में जीता गोल्ड  बर्मिंघम शहर के बेटी अर्पणा चौहान ने अमेरिका के अलबामा राज्य के बर्मिंघम शहर में आयोजित वर्ल्ड पुलिस एंड फायर गेम्स 2025 में गोल्ड मेडल हासिल किया है। अर्पणा की यह उपलब्धि से केवल उज्जैन ही नहीं, बल्कि भारत का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित हुआ है।  साल 2018 से अर्पणा असम राइफल्स में खेल कोटा से सेवारत सैनिक हैं और इससे पहले भी कई प्रतियोगिताओं में गोल्ड मेडल जीत चुकी है। 26 वर्षीय अर्पणा का परिवार सांई विहार कॉलोनी उज्जैन में रहता है। पिता रतनलाल चौहान बीएसएनल से सेवानिवृत्त हैं व माता शारदा चौहान हैं। अर्पणा ने 10वीं तक केंद्रीय विद्यालय से पढ़ाई की है और कक्षा 8वीं से ही वे कराते का प्रशिक्षण ले रही हैं। अर्पणा ने अपनी मेहनत और लगन से कराते में एक अलग पहचान बनाई है। अब तक उन्होंने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट्स में पदक जीते हैं। अर्पणा ने जीत का श्रेय परिवार, असम राइफल्स और पुलिस स्पोर्ट्स कंट्रोल बोर्ड को दिया और कहा मेडल सिर्फ मेरा नहीं, बल्कि उन सभी का है, जिन्होंने मुझ पर विश्वास रखा। अर्पणा बड़े टूर्नामेंट्स की तैयारी में जुट गई हैं और कहा कि मुश्किलें आएंगी, पर हार मत मानो, क्योंकि मेहनत कभी धोखा नहीं देती। बर्मिंघम में हो रहे वर्ल्ड पुलिस एंड फायर गेम्स में शेखर ने जीता रजत पदक किसान परिवार में जन्मे शेखर पाण्डेय ने अमेरिका में आयोजित विश्व पुलिस एवं अग्निशमन खेल प्रतियोगिता में रजत पदक जीतकर देश के साथ ही जिले को भी गौरवान्वित किया है। विकास खंड के ग्राम पंचायत रेरूपुर के मौजा खिरौड़ी निवासी 25 वर्षीय शेखर पाण्डेय वर्ष-2021 मे सीआईएसएफ में सब इंस्पेक्टर के पद पर नियुक्त हुए थे। शेखर का रूझान बचपन से ही खेल प्रति रहा है। यही वजह है कि सीआईएसएफ में नियुक्ति के बाद भी खेलकूद से जुड़े रहे। शेखर का चयन यूएसए में आयोजित विश्व पुलिस एवं अग्निशमन खेल स्पर्धा 2025 के लिए किया गया था। शेखर ने इस प्रतियोगिता में प्रतिभाग करते हुए डेकाथलान खेल में रजत पदक जीत कर देश एवं क्षेत्र का नाम रोशन करने में सफल रहे। उनकी कामयाबी पर परिवार एवं क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गयी। प्रतियोगिता का आयोजन यूएसए के अलबामा प्रांत के बर्मिंघम शहर में 27 जून से छह जुलाई के बीच किया गया है। शेखर ने दो जुलाई को आयोजित डेकाथलन खेल इवेंट में रजत पदक जीता है। शेखर इन प्रतियोगिताओं में भी लेंगे भाग शेखर पाण्डेय अब लांग जंप, ट्रिपल जंप, 110 मीटर हर्डल एवं पोलवाल्ट प्रतियोगिता में भी देश की तरफ से चुनौती पेश करेंगे। शेखर ने देश के लिए 17 मेडल और स्टेट में 30 मेडल जीत कर अपना परचम लहरा चुके हैं। पिता नंदलाल पांडेय कृषक एवं माता सीता देवी गृहिणी है। शेखर पाण्डेय इस समय एअरपोर्ट बंगलौर में तैनात है। उन्होंने आल इंडिया पुलिस गेम्स 2024 में पोल वाल्ट स्पर्धा में पांच मीटर जंपकर राष्ट्रीय रिकॉर्ड के साथ गोल्ड मेडल जीता था। शेखर अपने पिता के तीन संतानों में सबसे बड़े है। शेखर ने बताया कि पढ़ाई के बाद समय निकाल कर शेखर खेतों में अकेले जाकर पोलवाट, त्रिकूद, दौड़ और लांग जंप में प्रैक्टिस करते थे। उन्हें बधाई देने वालों में विकास पाण्डेय, रवि कुमार, गणेश प्रसाद, कन्हैयालाल, वीरेन्द्र कुमार, सतीश कुमार, काजू, जंगबहादुर सिंह, पिन्टू सिंह आदि शामिल है।  दिलीप मालव ने अमेरिका में दिखाया दम, कराटे में जीता गोल्ड सीआरपीएफ (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) में कार्यरत जवान दिलीप कुमार मालव ने अमेरिका के बर्मिंघम शहर में 27 जून से 6 जुलाई 2025 तक आयोजित 21वें वर्ल्ड पुलिस गेम्स में शानदार प्रदर्शन करते हुए कराटे प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीत लिया है. दिलीप ने इस अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए देश और अपने राज्य राजस्थान का नाम गौरव से ऊंचा किया है. इस वैश्विक प्रतियोगिता में करीब 70 देशों के खिलाड़ी भाग ले रहे हैं. जिला खेल अधिकारी कृपा शंकर शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि दिलीप ने सेमीफाइनल मुकाबले में मलेशिया की टीम को और फाइनल में रोमानिया के खिलाड़ी को एकतरफा शिकस्त देकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया. सांसद दुष्यंत ने दी बधाई: इस प्रतियोगिता में दिलीप के साथ महेंद्र यादव, अनिल शर्मा और अजय थंगचन भी मौजूद रहे. दिलीप के इस अद्वितीय प्रदर्शन से पूरे जिले और प्रदेश के खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई है. इस मौके पर झालावाड़-बारां से सांसद दुष्यंत सिंह ने भी दिलीप कुमार मालव को फोन कर बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की. दिलीप मालव 7 जुलाई को अमेरिका से भारत लौटेंगे. झालावाड़ पहुंचने पर उनका भव्य स्वागत किया जाएगा.